उत्तराखंड के पर्यटक स्थलों में रौनक लौट रही है

  • कोरोना काल में लंबे सन्नाटे के बाद अब उत्तराखंड के पर्यटक स्थलों में रौनक लौट रही है।
  • शनिवार को पहाड़ों की रानी मसूरी में पर्यटकों की भीड़ नजर आई।
  • पर्यटकों को कोई परेशानी न हो इसके लिए मसूरी में पर्याप्त पुलिस तैनात की गई है।
  • इसी तरह राजधानी देहरादून के पर्यटन स्थलों में भी लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी।
  • गुच्चुपानी में काफी अच्छी संख्या में लोग अपने परिवार और दोस्तों के साथ पहुंचे।
  • इस दौरान कई लोग मास्क लगाए दिखे तो कई लोग बिना मास्क के घूमते मिले।

वीकेंड के मौके पर भी नैनीताल और इसके आसपास के पर्यटक स्थलों में सुबह से ही सैलानियों की भीड़ लगी रही। जगह-जगह सैलानी मस्ती करते नजर आए, वहीं दूसरी ओर माल रोड में सुबह से ही वाहन रेंगते रहे। 

कोरोना काल में पहली बार शुक्रवार को नैनीताल और मसूरी अपनी पुरानी रौ में दिखे। वैसे तो पर्यटकों का आना पहले से ही शुरू हो गया था लेकिन अनलॉक-5 में ढीली पड़ी बंदिशें, वीकेंड से पहले गांधी जयंती के अवकाश के चलते शुक्रवार को बड़ी संख्या में सैलानियों के कदम सरोवर नगरी और पहाड़ो की रानी में पड़े। मसूरी के तो अधिकांश होटलों में 80 से 90 प्रतिशत तक बुकिंग हो चुकी है।

शुक्रवार को पर्यटकों का रुख नौकुचियाताल, भीमताल की ओर भी रहा। नैनीताल में सुबह से ही सैलानी पहुंचने शुरू हो गए थे। दिन चढ़ने के साथ भीड़ बढ़ती गई। दोपहर बाद तक नगर के अधिकतर पार्किंग स्थल वाहनों से पैक हो गए। सैलानियों ने सैर-सपाटा करने के साथ ही नौकायन और घुड़सवारी का लुत्फ भी उठाया। नगर के प्रमुख दर्शनीय स्थलों में से एक चिड़ियाघर में 470, हिमालयन बॉटनिकल गार्डन में 80, केव गार्डन में 400 और नैनीताल-कालाढूंगी मोटर मार्ग स्थित वाटर फॉल में 464 पर्यटकों ने कुदरती नजारों के बीच मौज मस्ती की। 

टिफिन टॉप, बारापत्थर में घुड़सवारी करने वालों की भीड़ रही तो कई पर्यटक हिमालय दर्शन और स्नोव्यू के लिए भी पहुंचे। पंत पार्क, तिब्बती, भोटिया, पालिका बाजार, माल रोड, तल्लीताल और मल्लीताल बाजार से ठीकठाक खरीदारी भी हुई। कारोबारियों ने शनिवार और रविवार को और अधिक पर्यटक उमड़ने की उम्मीद जताई है।

नौकुचियाताल में सैलानियों ने पैराग्लाइडिंग का आनंद लिया। भीमताल, नौकुचियाताल और सातताल झील में बोटिंग भी की। पैराग्लाइडिंग संचालक नितिन राणा, अंशुल जोशी, राकेश बोस और विनोद दुम्का ने बताया कि पर्यटन व्यवसाय पटरी पर लौट रहा है। लेक इन होटल के मैनेजर जुबैर खान ने बताया कि होटल में शत प्रतिशत बुकिंग होने से राहत मिली है। भवाली के श्यामखेत स्थित चाय बागान में लगभग 80 पर्यटक घूमने पहुंचे। कैंची मंदिर के प्रबंधक विनोद जोशी ने बताया कि श्रद्धालु बाबा नीब करोरी महाराज के दर्शन के लिए भी पहुंच रहे हैं।

नैनीताल में सैलानियों की बढ़ती भीड़ को देख पुलिस ने शुक्रवार दोपहर हल्द्वानी और कालाढूंगी से नैनीताल की ओर जा रहे वाहनों को लौटा दिया। बाद में सैलानियों के वाहन वाया भीमताल, नैनीताल की ओर रवाना हुए। इससे सैलानियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। पर्यटकों को लौटाने से नैनीताल के होटल व्यवसायियों में पुलिस के प्रति गुस्सा देखा गया।

नैनीताल में रविवार तक और सैलानी बढ़ने के आसार हैं। वहीं, वीकेंड आते ही पहाड़ों की रानी पर्यटकों से गुलजार होने लगी है। शुक्रवार को कई राज्यों से पर्यटक पहुंचने शुरू हुए। मसूरी में लंबे समय बाद रौनक लौट रही है। अधिकांश होटलों में 80 से 90 प्रतिशत तक बुकिंग हो चुकी है। पर्यटकों के आने से बाजार में दुकानदार भी खुश हैं। रिक्शा चालकों को भी काम मिलने लगा है। आने वाले हफ्तों में पर्यटकों की संख्या में और बढ़ोतरी होने की उम्मीद है। 

मसूरी होटल एसोसिएशन के सचिव अग्रवाल ने बताया कि होटल व्यवसायी लंबे समय से पर्यटकों के आने का इंतजार कर रहे थे। अब पर्यटकआने शुरू हुए हैं तो व्यवसाय चलने की उम्मीद है। पंजाब से आए सतेंद्र ने कहा कि लॉकडाउन के दौरान वह अपने घर में ही थे। इसके बाद भी कोरोना संक्रमण के प्रभाव व सख्त नियमों के चलते घूमने नहीं आ सके। अब वह यहां प्राकृतिक सौंदर्य के बीच आकर अच्छा महसूस कर रहे हैं। 

पर्यटकों के आते ही रोड पर ट्रैफिक भी बढ़ने लगा है। शुक्रवार को कई जगह जाम भी लगा। हालांकि, पुलिस की सतर्कता से ट्रैफिक व्यवस्था सुचारु रही। कोतवाल देवेंद्र असवाल ने बताया कि मसूरी रोड, मुख्य चौक व माल रोड में पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं। पर्यटकों से मास्क प्रयोग, सैनिटाइजर, सोशल डिस्टेंसिंग का पालन भी कराया जा रहा है।