एपीजे अब्दुल कलाम

  • World Students Dayभारत के पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम एक ऐसे वैज्ञानिक थे जिन्होंने पूरे देश का सिर गर्व से ऊंचा कर दिया।
  • एपीजे अब्दुल कलाम का सबसे मनपसंद काम था बच्चों को पढ़ाना। वो चाहते थे कि पूरी दुनिया उन्हें इसी रूप में याद रखे।
  • कहा जाता है कि इसी वजह से उनके जन्मदिन को विश्व छात्र दिवस के रूप में मनाया जाता है।

आज भी उनके कथन हैं प्रचलित

  • उनके द्वारा कही गई बातें आज भी सोशल मीडिया पर शेयर की जाती हैं। 27 जुलाई 2015 को उनकी मौत ने पूरे देश को एक गहरे शोक में डाल दिया था।
  • लेकिन कहा जाता है कि उन्होंने उसी काम को करते हुए मौत को गले लगा लिया जो उन्हें सबसे ज्यादा प्रिय था – बच्चों को पढ़ाना। 
  • आईआईएम शिलांग के बच्चों को पढ़ाते हुए ही वो अचानक से गिर पड़े थे और उनकी मौत हो गई थी।

कई पुरस्कारों से नवाजे गए

  • वैसे तो कलाम को मिले पुरस्कारों की कोई गिनती नहीं की जा सकती। लेकिन कुछ ऐसे अवार्ड्स थे जिनके लिए उनका नाम आना स्वाभाविक था।
  • उन्हें 1981 में पद्म भूषण से सम्मानित किया गया था।
  • इसके बाद 1990 में उन्हें पद्म विभूषण से भी सम्मानित किया गया था।
  • इतना ही नहीं, उनके रिसर्च के लिए उन्हें बाद में भारत रत्न से भी नवाजा जा चुका है।