सपा सरकार का विदाई-गीत

UP222121

क्या बतलायें नेता जी,
कैसा उपकार किया आपने…
पुत्रमोह में क्यों यू पी का,
बंटा धार किया आपने….
नेता जी पट्टी तो खोलो,
क्यों आँखें मूंदे बैठे हो…
हमको तो लगता है,
कोई बूटी सूँघे बैठे हो…
पत्रकार मारे जाते हैं,
बस गुंडों की मौज रहे….
हत्यारों को भूल दरोगा,
भैंसी बकरी खोज रहे…
क्यों यू पी में हत्यायें,
ख़ुदकुशी बतायी जाती हैं…
इन्साफ मांगतीं महिलायें,
थानों में जलायी जाती हैं…
लूट डकैती की घटनायें,
छपती हैं अखबारों में..
गुंडे खुद मंत्री बनकर,
जब बैठे हैं सरकारों में…
ढोलक सी हो गई है पब्लिक,
हर दिन बजता बाजा है….
अंधेर नगर हो गया है ये,
और चौपट इसका राजा है…
त्राहि त्राहि कर रही है जनता,
एक अंतिम एहसान करो….
नेता जी परिवार सहित,
अब “सैफई” को प्रस्थान करो…
कुछ महीनों का वक्त शेष है,
घड़ा पाप का फूटेगा….
साइकिल पंचर हो जायेगी,
रिम भी उसका टूटेगा…
नेता जी सुन लो “शुभ” से,
ये प्रदेश न कुनबे से संभलेगा….
दो हजार सत्रह में यू पी,
अपना मुख्यमंत्री बदलेगा…..
युवाओं की ललकार
इस बार अपने यूपी में…
राजपा की
रोजगार वाली सरकार…

UP111अरविन्द कुमार शुभ
प्रदेश प्रभारी यूपी.
राष्ट्रव्यापी जनता पार्टी