नियुक्ति की प्रक्रिया गतिमान

harish-rawat_17देहरादून। मुख्यमंत्री हरीश रावत ने सभी विभागाध्यक्षों से बैक लाग के रिक्त पदो की स्थिति एक सप्ताह के अन्दर शासन को उपलब्ध कराने के निर्देश दिये है। इन सूचनाओं को संकलित करने के लिये उन्होने सचिव अरविन्द सिंह हयांकी को नोडल अधिकारी नामित किया है। सचिवालय में सभी विभागो में रिक्त बैकलाग के पदो की सभी विभागाध्यक्षो के साथ समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री श्री रावत ने निर्देश दिये कि प्रत्येक विभागाध्यक्ष अपने विभाग में कुल पदो, भरे व रिक्त पदो ंके साथ ही सामान्य, एस0सी, एस0टी0 ओबीसी व विकलांग के आरक्षित पदो का विवरण एक सप्ताह के अन्दर उपलब्ध कराये। उन्होने इसके लिये शासन स्तर पर सचिव अरविन्द सिंह हयांकी को नोडल अधिकारी नामित किया है। सभी विभाग समस्त सूचनाये निर्धारित अवधि में श्री हयांकी को उपलब्ध करायेंगे।

बैठक में कैबिनेट मंत्री हरीश चन्द्र दुर्गापाल, मुख्य सचिव शत्रुघ्न सिंह, अपर मुख्य सचिव डा0 रणवीर सिंह, प्रमुख सचिव राधा रतूड़ी, सचिव आनन्द वर्द्धन, अमित नेगी सहित शासन के उच्चाधिकारी  व विभागाध्यक्ष उपस्थित थे। बैठक के पश्चात मीडिया से अनोपचारिक वार्ता करते हुए मुख्यमंत्री श्री रावत ने कहा कि पहले शिक्षा विभाग में काफी बैकलाग के पद रिक्त थे जो अब कम होकर लगभग 500 रह गये है इन पर भी नियुक्ति की प्रक्रिया गतिमान है। इसी प्रकार चिकित्सा विभाग में भी रिक्त पदो के सापेक्ष नियुक्ति प्रक्रिया गतिमान है नर्सिंग के पदो को भी नियमानुसार आरक्षित पदो को ध्यान में रखते हुए नियुक्ति प्रक्रिया आरम्भ करने को कहा गया है।

उन्होंने कहा कि बैकलाॅग के पदों को भरने की जिम्मेदारी विभागाध्यक्षों की है, इसके लिये उन्हें निर्देश दे दिये गये हैं। उन्हें यह भी सुनिश्चित करने को कहा गया है कि सितम्बर के अन्त तक अथवा अक्टूबर के प्रारम्भ तक बैकलाॅग के पदों को भरने की कार्यवाही पूर्ण कर ली जाए। उन्होंने कहा कि विभागाध्यक्षों को यह भी निर्देश दिये गए हैं कि आरक्षित वर्ग का अभ्यर्थी यदि सामान्य वर्ग पर नियुक्त होता है तो उसे आरक्षित वर्ग में शामिल नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि उपनल के पदों पर नियुक्ति के समय आरक्षित पदों की संख्या का आंकलन कर उसके लिये भी अभियान चलाये जाने के निर्देश दिये गये है। उन्होंने कहा कि विभागाध्यक्षों को विभागों में उपनल के माध्यम से तैनात कार्मिको की स्थिति का भी विवरण उपलब्ध कराने को कहा गया है।