अब जनता नहीं काटेगी दफ्तारों के चक्कर

रूद्रप्रयाग। पुराने विकास भवन में जिलाधिकारी मंगेश घिल्डियाल की अध्यक्षता में आयोजित जनता दरबार में फरियादियों द्वारा 115 शिकायत दर्ज कराई गई। जिनमें अधिकांश शिकायतों का निस्तारण मौके पर किया गया। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने कहा कि जनता दरबार में दूर-दराज से फरियादी अपनी समस्याओं को लेकर आते हैं, इसलिए अधिकारी सभी समस्याओं को गंभीरता से लें और उनका निश्चित सीमा के अंतर्गत निस्तारण करें। कहा कि सरकार का भी यही उद्देश्य है कि आम जनता को अपनी समस्याओं को लेकर दफ्तरों के चक्कर ना काटने पडें, बल्कि उनकी समस्याओं का निस्तारण अधिकारी एक ही जगह पर बैठकर करें, ताकि जनता को समय की अनावश्यक बर्बादी का शिकार न होना पडे।

जनता दरबार में वन पंचायत सरपंच चमराडा माहेश्वरी देवी ने बताया कि उनकी गा्रम पंचायत आज भी सडक मार्ग से नहीं जुड पाई है, जबकि ग्रामीण लम्बे समय से पीएमजीएसवाई के तहत सडक निर्माण की मांग कर रहे है। फेगू कुण्डियाला निवासी रमेश चन्द्र शुक्ला ने बताया भूस्खलन से गांव के कई ग्रामीणों के मकानों में दरार पड गई है, जबकि ग्रामीण विमल चन्द्र शुक्ला ने बताया कि गुप्तकाशी-मयाली मोटरमार्ग से हो रहे भूस्खलन से गांव को खतरा बताया। जिस पर जिलाधिकारी ने एसडीएम बसुकेदार को जांच के निर्देश दिए। जनता दरबार में ठेकेदार संघ के पदाधिकारियों पीआईयू के तहत किए गए कार्यों का भुगतान न होने की शिकायत की, जिस पर जिलाधिकारी ने सम्बंधित विभागीय अधिकारियों को तत्काल भुगतान की कार्यवाही करने के निर्देश दिए। पूर्व जिला पंचायत उपाध्यक्ष किशोरीनंदन डोभाल ने न्याय पंचायत क्षेत्र जवाडी में राजस्व निरीक्षक व ग्राम विकास अधिकारी की तैनाती की मांग की।

जिस पर जिलाधिकारी ने सीडीओ और एसडीएम सदर को कार्यवाही के निर्देश दिए। लक्ष्मी देवी निवासी वार्ड नम्बर एक रूद्रप्रयाग ने बताया कि उनका परिवार बीपीएल परिवार है, लेकिन इसके लिए बावजूद भी उन्हें ससोई गैस कनेक्शन नहीं मिल रहा है। इस पर जिलाधिकारी मंगेश घिल्डियाल ने अधिशासी अधिकारी नगर पालिका को जांच कर कार्यवाही के निर्देश दिए। जनता दरबार में ग्राम पंचायत थपलगांव के ग्रामीणों ने मनरेगा, इन्दिरा आवास योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत हुए कार्यों की जांच करने की मांग की। इस पर जिलाधिकारी ने एसडीएम सदर के अध्यक्षता में परियोजना निदेशक, लोनिवि, आरईएस की संयुक्त टीम गठित कर कार्यों की जांच करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी मंगेश घिल्डियाल ने सभी शिकायतों के संबधित अधिकारियों को एक सप्ताह के अन्तर्गत पूर्ण करने के निर्देश दिये। कहा कि यदि शिकायतों का निस्तारण तय सीमा के भीतर नहीं हुआ तो संबधित अधिकारी इसके लिए जिम्मेदार रहेगे।

इस अवसर मुख्य विकास अधिकारी डीआर जोशी, प्रभारी अधिकारी डिप्टी कलेक्टर देवानन्द, उप जिलाधिकारी सदर मुक्ता मिश्र, मुख्य चिकित्साधिकारी डाॅ. सरोज नैथानी, पशुचिकित्साधिकारी डाॅ. रमेश सिंह नितवाल, कृषि भूमि संरक्षक अधिकारी एस.एस. वर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, कर्मचारी सहित फरियादी मौजूद थे।